PRD College

अध्यक्ष की कलम से

मा0 अध्यक्ष डा0 श्री जे0 के0 गोयल जी

विद्यालय ईंट गारा पत्थर मिट्टी की बनी हुयी भव्य इमारत नही होता । विद्यालय एक बाजार भी नही होता जहाँ अयोग्य अशिक्षित व्यक्ति भी ज्ञान की खरीदारी कर सकता है। विद्यालय एक ऐसा सार्वजनिक स्थल भी है जहाँ भिन्न - भिन्न उद्देश्यो से कोई भी उतमका होती है।
सन् 1996 मे तत्कालीन प्रबन्ध समिति अध्यक्ष श्री कृष्णौतार बैंकर्स, उपाध्यक्ष श्री संजीव बंसल जी, प्रबन्धक श्री राजकुमार अग्रवाल जी, एवं कोषाध्यक्ष श्री डा0 जलेश कुमार गोयल जी सहित समिति बन्धुओ के कुशल निर्देशन एवं योग्य अनुभवी आचार्यो तथा तत्कालीन प्रधानाचार्य श्री महेश चन्द्र त्यागी जी के अथक परिश्रम एवं कुशल शैक्षिक निर्देशन मे विद्यालय को कक्षा 10 हाईस्कूल, विज्ञान, कला एवं कामर्स विषयो मंे भी शासन से मान्यता प्राप्त हो गयी । दो वर्षो में हाई स्कूल के उत्कृष्ट श्रेष्ठ परीक्षा परिणामो के आधार पर पुनः 1998 मे इण्टर विज्ञान वर्ग तथा 1999 में इण्टर कामर्स वर्ग की भी शासन से मान्यता प्राप्त हो गयी ।

वास्तव में विद्यालय एक आध्यात्मिक, निर्माणकारी व कल्याणकारी संगठनात्मक कार्यशाला है जहाँ श्रेष्ठ चरित्रवान, देशभक्ति से ओतप्रोत व्यक्ति का निर्माण होता है। यह एक प्रकाश स्तम्भ है जो चर्हुदिशी प्रकाश फैलाता है। यह एक विकासपरक, सकारात्मक सामुदायिक केन्द्र है जो जनमानस में नवीन शक्ति एवं ज्ञान संचार करता है।

विद्यालय वह भवन है जिसका आधार सद्भावना समानता समरसता एवं निरन्तर प्रगति पर आधारित है। संक्षेप में विद्यालय एक प्रकाश श्रोत है सुखी परिवार के लिए के लिए पवित्र मन्दिर है तथा सामाजिक केन्द्र है जो सदा सर्वदा सभी की श्रद्धा, सम्मान का पवित्र केन्द्र है।